छत्तीसगढ़

सर्किट हाउस के कर्मचारी ने केदार कश्यप पर लगाया मारपीट का आरोप, मंत्री बोले – आरोप पूरी तरह गलत

जगदलपुर. सर्किट हाउस जगदलपुर में बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। वन एवं परिवहन मंत्री भाजपा के वरिष्ठ नेता केदार कश्यप पर सर्किट हाउस के कर्मचारी ने मारपीट का गंभीर आरोप लगाया है। मामला तब सामने आया, जब मंत्री दौरे से लौटकर सर्किट हाउस पहुंचे और कर्मचारियों पर दरवाजा देर से खोलने को लेकर नाराज हो गए। इस मामले में मंत्री केदार कश्यप ने मारपीट के आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि दौरे से लौटने के बाद उन्होंने सिर्फ कर्मचारियों को डांटा था, मारपीट का आरोप पूरी तरह गलत है।

मंत्री कश्यप ने कहा, हमारे देवतुल्य कार्यकर्ताओं का अपमान किसी भी स्थिति और परिस्थिति में मेरे लिए सहनीय नहीं है। कांग्रेस के चमचों से हमारे देवतुल्य कार्यकर्ताओं की तुलना नहीं हो सकती। पूर्व मंत्री कवासी लखमा के साथ जिसके पिता ने बदतमीजी की वैसा ही व्यवहार हमारे कार्यकर्ताओं के साथ उनके बेटे ने की, इसी व्यवस्था को सुधारने का विषय है। कांग्रेस मुद्दा विहीन है।

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इस मामले पर कांग्रेस ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने ट्वीट करते हुए कहा कि निचले स्तर के कर्मचारियों के साथ मारपीट बेहद गंभीर मामला है। कांग्रेस नेता पीड़ित कर्मचारियों के साथ जगदलपुर कोतवाली भी पहुंचे और इस संबंध में लिखित शिकायत दर्ज कराई। वहीं मंत्री केदार कश्यप ने मारपीट के आरोप को पूरी तरह गलत बताया है।

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वहीं इस मामले को लेकर घटना के समय उपस्थित भाजपा कार्यकर्ता कीर्ति पाढ़ी ने बताया कि मंत्री के सर्किट हाउस आने की सूचना पर वे भाजपा के कुछ वरिष्ठ कार्यकर्ताओं के साथ बाहर बैठकर प्रतीक्षा कर रहे थे। जब केदार कश्यप सर्किट हॉउस पहुंचे तो कार्यकर्ताओं को बाहर बैठे देखकर नाराज हुए।

कीर्ति पाढ़ी ने बताया कि मंत्री केदार कश्यप ने मेरे साथ उपस्थित वरिष्ठ कार्यकर्ताओं से पूछा कि बाहर क्यों बैठे हो तब विजय पांडे ने बताया कि मंत्री जी नहीं आए हैं दरवाजा नहीं खुलेगा। इस बात से मंत्री कश्यप नाराज हुए और उन्होंने कहा कि यहां व्यवस्था कौन देखता है? मंत्री ने सर्किट हाउस की व्यवस्था एक चपरासी के भरोसे छोड़कर जाने वाले अधिकारियों सहित व्यवस्था देखने वालों व रिटायर होने के बाद भी पिछले कई दशकों से जमे कर्मचारी को हटाने की बात कही।

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भाजपा कार्यकर्ताओं ने कहा, मंत्री के व्यवहार को लेकर कर्मचारी द्वारा लगाया गया आरोप झूठा है। कीर्ति ने कहा कि सरकार बदलने के बाद भी मंत्री से निवदेन करके पांडे परिवार यहां की व्यवस्था देख रहा है, लेकिन मंत्री ने कहा जो हमारे कार्यकर्ताओं का सम्मान नहीं कर सकता उनके खिलाफ उचित और न्याय संगत कार्रवाई की जाएगी। कार्यकर्ताओं के प्रति मंत्री केदार कश्यप का समर्पण अद्भुत और प्रशंसनीय है।

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