
कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले स्थित मारुति क्लीन कोल बांधाखार पावर प्लांट में गुरुवार देर रात अचानक ट्रांसफार्मर ब्लास्ट हो गया, जिसके बाद भीषण आग ने पूरे परिसर में अफरा-तफरी मचा दी। हादसा गंभीर था, लेकिन राहत की बात यह रही कि कोई जनहानि नहीं हुई। प्रारंभिक अनुमान में लाखों रुपये के नुकसान की बात सामने आ रही है।
घटना रात करीब 1:45 बजे हुई, जब पावर ट्रांसफार्मर में अचानक जोरदार धमाका हुआ। धमाके के साथ ही आग की ऊंची लपटें उठने लगीं, जिनकी रोशनी दूर से दिखाई देने लगी। आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के क्षेत्रों में दहशत फैल गई। प्लांट के सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत प्रबंधन और फायर ब्रिगेड को सूचना दी ताकि आग को फैलने से रोका जा सके।
दमकल टीमों ने दो घंटे की मशक्कत के बाद बुझाई आग
घटना की जानकारी मिलते ही चाकाबुड़ा स्थित एसीबी प्लांट से दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। आग बेहद भीषण थी, जिसके कारण दमकलकर्मियों को लगातार दो घंटे तक संघर्ष करना पड़ा। अंततः आग पर काबू पा लिया गया, लेकिन तब तक ट्रांसफार्मर पूरी तरह जलकर खाक हो चुका था और भारी नुकसान सामने आ चुका था।
300 MW यूनिट बंद, भारी आर्थिक नुकसान का अनुमान
ट्रांसफार्मर के जलने के कारण प्लांट की 300 मेगावाट यूनिट को तुरंत बंद करना पड़ा। इससे बिजली उत्पादन पूरी तरह ठप हो गया। शुरुआती आकलन के अनुसार इस हादसे में लाखों रुपये का नुकसान हुआ है, हालांकि कंपनी की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
उत्पादन बहाली की तैयारी और जांच शुरू
सूत्रों के अनुसार प्लांट में एक वैकल्पिक पावर ट्रांसफार्मर भी मौजूद है, जिसके माध्यम से जल्द ही यूनिट का उत्पादन दोबारा शुरू करने की तैयारी की जा रही है। तकनीकी टीम नुकसान का विस्तृत आकलन कर रही है, वहीं हादसे के कारणों की जांच भी आरंभ कर दी गई है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।




