छत्तीसगढ़

SIR पर पूर्व सीएम भूपेश बघेल का फूटा गुस्सा, कहा- केंचुआ के डसने से हो रही बीएलओ की मौत

रायपुर। विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर कांग्रेस का विरोध ढंका-छिपा नहीं है. पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस विरोध का इजहार करते हुए केंद्रीय चुनाव आयोग को केंचुआ बताते हुए कहा कि केंचुए के डसने से बीएलओ की मौत हो रही है. वहीं आरोप लगाया कि बीएलओ को भाजपा के गुंडे धमका रहे हैं.

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने राजीव भवन में पत्रकारों से रू-ब-रू हुए. उन्होंने कई विषयों पर चर्चा की. इसमें एसआईआर के अलावा प्रमुख रहा. उन्होंने कहा कि एसआईआर में नाम जुड़ाने का काम कर रहे बीएलओ की ऊपर तक शिकायत आ रही हैं. भाजपा के गुंडे चमका रहे हैं, धमका रहे है. ये दबाव बीएलओ को झेलना पड़ रहा है.

उन्होंने आरोप लगाया कि एसआईआर फार्म अपलोड नहीं हो रहा है. एक-दो फार्म ही अपलोड हो रहा है. देवभोग में तीन घंटे में आठ फार्म जमा हुए हैं. केंचुआ के डसने से दर्जनों बीएलओ की मौत मतलब निर्वाचन आयोग के डसने से मौत है. एसआईआर के जरिए बड़े पैमाने पर नाम काटने की तैयारी है. बांग्लादेशियों को बाहर करने का मौका मिलेगा. लेकिन अभी तक सरकार बांग्लादेशियों के खिलाफ आंकड़ा नहीं दे पा रही है.

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धान खरीदी का भी मुद्दा उठाते हुए उन्होंने कहा कि धान खरीदी में बड़ी बात यह है कि एग्रीटेक पोर्टल की वजह से हजारों किसानों के धान कट गए है. सरकार लाखों किसानों का धान नहीं खरीदेगी, आदिवासी पट्टाधारी किसानों का धान नहीं खरीदेगी. सर्वर डाउन होने से किसान टोकन नहीं कटा पा रहे हैं.

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी पीएम मोदी आ रहे हैं. कई बार दौरा कर चुके हैं. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की तारीफ करते हैं, वो इसलिए ताकि अडानी और अंबानी को जमीन दी जाए. इनकी निगाह अदिवासी की जमीन के नीचे जमे कोयला खनिच बेचने में है. वहीं सरकारी जमीन दरों में बढ़ोतरी को चौथा मुद्दा बताते हुए कहा कि सरकार के तुगलकी आदेश का विरोध व्यापारियों ने किया है. भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का दुर्ग में घेराव हुआ है. लाखों परिवार को छीनने वाले फैसले का विरोध हो रहा है.

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उन्होंने कहा कहा कि कलेक्टर गाइड लाइन हमने कम किया, अपने बढ़ा दिया. कलेक्टर गाइड लाइन मोतीपुर में 2 करोड़ रुपए प्रति एकड़ जमीन किया गया है. वहां जमीन 20 से 30 लाख रुपए एकड़ में मिल जाएगा. अगर जमीन के व्यापारी बिजनेस करना चाहे तो सबके बैंक खाली हो जाएगा. 20 लाख रुपए को जमीन का 2 करोड़ मिलेगा, तो छत्तीसगढ़ के सब बैंक खाली हो जाएंगे. सरकार एक प्रकार से लोगों मजबूर कर रही है रि आधा एकड़ जमीन का अगर एक करोड़ मिलेगा, तो बढ़िया है.

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उन्होंने कहा कि एसआईआर फॉर्म मुझे भी दिया गया है. मेरी बहु बस ने वोट नहीं डाला था, फिर मुझे भी फॉर्म दिया गया है. ये गलत जांच की जा रही है. वहीं घुसपैठियों को लेकर कहा कि नरेंद्र मोदी के योग्यता पर प्रश्न वाचन चिन्ह लगा रहे हैं. सीमा की रक्षा करने की जिम्मेदारी केंद्र की होती है, राज्य की नहीं होती है. अपने सरकार में होते हुए वे अपने नेताओं का आलोचना कर रहे हैं, उनको निकम्मा साबित कर रहे हैं.

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