छत्तीसगढ़ में तूफानी बारिश : 10 साल का रिकॉर्ड टूटा, 50 कि. मी की रफ्तार से चली आंधी

रायपुर। लगातार मिजाज बदल रहे मौसम ने शनिवार को तूफानी करवट ली। दिनभर उमस के बाद जोरों की गर्जना के साथ करीब डेढ़ घंटे तक जमकर बारिश हुई। बरसात इतनी तेज थी कि इसके प्रभाव से रायपुर में पिछले दस साल में गिरे पानी का रिकार्ड टूट गया। इस दौरान 50 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से चली आंधी और मूसलाधार बारिश तथा साथ में पड़े ओले से शहर में दहशत जैसी स्थिति बन गई। तेज हवा से विद्युत व्यवस्था भी बाधित हो गई, जिसे सामान्य होने में एक से दो घंटे लग गए।
मौसम विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक, लालपुर मौसम वेधशाला में शाम साढ़े आठ बजे तक 62 मिमी. बारिश दर्ज की गई। वहीं शहर में इससे भी तेज बारिश हुई जिससे विद्युत व्यवस्था के साथ सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो गया। मौसम विशेषज्ञ के मुताबिक शनिवार को दर्ज बीरिश के आंकड़े ने मई में होने वाली वर्षा के दस सालों के आंकड़े को पीछे छोड़ दिया है।
शहर के बड़े हिस्से में अंधकार
बारिश होने के बाद शहर का बड़ा हिस्सा अंधकार में डूब गया। तेज गति से चली आंधी के असर से टूटे पेड़ कई इलाकों में बिजली तारों से उलझ गए। इसके अलावा कुछ इलाकों में ट्रांसफार्मर में दिक्कत आ गई। विद्युत कर्मचारी शिकायतों के आधार पर समस्या का निराकरण करने जूझते रहे। बड़े फाल्ट वाले क्षेत्रों में बिजली की समस्या बनी रही वहीं अधिकारियों का दावा रहा कि एक से दो घंटे के भीतर विद्युत व्यवस्था बहाल कर ली गई।
ऐसी हुई राजधानी में बारिश
सर्वाधिक रिकार्ड 27 मई 1904 को 24 घंटे में 80.3 मिमी. बारिश 16 मई 2026 को 62.0 मिमी. वर्षा दर्ज 3 मई 2023 में 55.4 मिमी. बारिश रिकार्ड शहर में 40.4 डिग्री का टेंप्रेचर
लगातार बादल और बारिश रहने की वजह से इस बार मई की गर्मी अपना असर नहीं दिखा रही है। शनिवार को भी भारी उमस के बीच रायपुर का अधिकतम तापमान 40.4 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया जो प्रदेश में सबसे अधिक था। राजधानी का तापमान बीते 16 दिनों में एक बार भी 43-44 तक नहीं पहुंचा है। मौसम विभाग ने ऐसी स्थिति 3-4 दिनों में शाम के समय ऐसी ही स्थिति बने रहने का पूर्वानुमान जारी किया है। इसके साथ ही तापमान में अभी उतार-चढ़ाव की स्थिति बने रहने की संभावना है।




