छत्तीसगढ़जांजगीर चांपा

क्रोकोडायल पार्क:ठंड में धूप सेंकने पानी से बाहर निकले मगरमच्छ, 18 दिन में आए 12600 पर्यटक

प्रदेश का सबसे बड़ा क्रोकोडायल पार्क जांजगीर-चांपा ​जिले के कोटमीसोनार गांव में है। इस सेंटर को गांव के मुड़ा तालाब में बनाया है। वर्तमान यह 360 से अधिक मगरमच्छों का प्राकृतिक रहवास सेंटर है। वर्तमान में क्षेत्र का तापमान 10 डिग्री तक पहुंच रहा है। यही कारण के मुड़ातालाब के आईलैंड में सुबह बड़ी संख्या मगरमच्छ धूप सेंकने के लिए बाहर निकल रहे हैं।

ऐसे में ये तालाब में आसानी से नजर आ जा रहे हैं। इन्हें देखने के लिए पर्यटकों की संख्या में भी खासा इजाफा हुआ है। जनवरी के 18 दिन में ही 12600 पर्यटक इन्हें देखने पहुंच चुके हैं। इसमें 300 बच्चे शामिल हैं।

क्रोकोडायल पार्क के प्रबंधक अजय राठौर ने बताया कि मगरमच्छों के शरीर में तापमान नियंत्रण की क्षमता नहीं होती है, इसलिए वे अपने शरीर के तापमान को नियंत्रित करने के लिए धूप का उपयोग करते हैं। उन्होंने बताया कि कोटमीसोनार गांव में पाए जाने वाले मगरमच्छ स्वच्छ जलीय प्रजाति के हैं।

See also  छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की संविधान बचाओ यात्रा:19 मई को जांजगीर से शुरुआत; सचिन पायलट समेत कई बड़े नेता होंगे शामिल

इस प्रजाति के मगरमच्छ मीठे पानी वाली नदियों, झीलों व मानव निर्मित तालाबों, नहरों और कुंओं में रहना ज्यादा पसंद करते हैं। इनके लिए 5 मीटर से अधिक गहरा तालाब नहीं होना चाहिए। गर्मी के दिनों में गर्मी से बचने के लिए ये स्वयं को दलदली स्थानों के कीचड़ में दबाए रखते हैं। जब कि ठंडी के मौसम में ये धूप में निकल आते हैं।

Related Articles

Leave a Reply