देश

रेंट एग्रीमेंट पर कम लगेगी स्‍टांप फीस, सीएम ने दिए निर्देश

प्रक्रिया भी होगी आसान

लखनऊ

रेंट एग्रीमेंट कराने वालों को यूपी सरकार बड़ी रियायत देने की तैयारी कर रही है। राज्य सरकार आवासीय, अनावासीय और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर रेंट एग्रीमेंट में लगने वाले स्टांप शुल्क को घटाएगी। इसके निर्देश मुख्यमंत्री योगी आदित्यानाथ ने स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन विभाग के अधिकारियों को ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन रूल्स-2024 के प्रस्तुतिकरण के दौरान दिए।

रेंट एग्रीमेंट पर लगने वाले स्टांप शुल्क में राहत देने के लिए लिए अलग-अलग ब्रैकेट बनाए जाएंगे और एग्रीमेंट की प्रक्रिया को सरल किया जाएगा। मौजूदा समय में रेंट एग्रीमेंट के दौरान औसत वार्षिक किराए पर 4 प्रतिशत का स्टांप शुल्क लगता है।

See also  Petrol- Diesel Price: अब सस्ता होगा पेट्रोल-डीजल! सरकार ने किया इशारा, कब और क्यों कम हो सकती हैं कीमतें?

शनिवार को स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि ईंज ऑफ लिविंग, बेहतर रिकॉर्ड और डाटा मैनेजमेंट के लिए स्टाम्प और रजिस्ट्रेशन की ऑनलाइन व्यवस्था आज की आवश्यकता है। इसको लेकर जल्द से जल्द तैयारी की जाए और ड्राफ्ट बनाकर प्रस्तुत किया जाए।

See also  Petrol- Diesel Price: अब सस्ता होगा पेट्रोल-डीजल! सरकार ने किया इशारा, कब और क्यों कम हो सकती हैं कीमतें?

सरकारी एजेंसियां कर सकेंगी ई-रजिस्ट्रेशन
मुख्यमंत्री ने कहा कि ई-रजिस्ट्रेशन का काम सरकारी एजेंसीज और रेरा अप्रूव्ड संस्थाओं से कराया जाए। ई-रजिस्ट्रेशन के तहत फेज-1 में सरकारी एजेंसियों- डेवलपमेंट और इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटीज को सेल डीड, एग्रीमेंट और लीज डीड के लिए मंजूरी दी जाए। इसके लिए सरकारी एजेंसियां अपने नोडल अधिकारी नियुक्त करेंगी। ई-रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया में प्रॉपर्टी बेचने वाली और खरीदने वाली दोनों पार्टियों का फोटो और सिग्नेचर भी डिजिटली लिया जाएगा। एक बार सरकारी एजेंसियों के जरिए ई-रजिस्ट्रेशन होने के बाद उस डाटा को सब-रजिस्ट्रॉर के दफ्तर भेजा जाएगा।

See also  Petrol- Diesel Price: अब सस्ता होगा पेट्रोल-डीजल! सरकार ने किया इशारा, कब और क्यों कम हो सकती हैं कीमतें?

ई-रजिस्ट्रेशन के फेज-2 में सेल डीड, एग्रीमेंट और लीज डीड के लिए रेरा अप्रूव्ड संस्थाओं तक विस्तारित किया जाएगा। पार्टियों का फोटो और हस्ताक्षर डिजिटल या इलेक्ट्रॉनिक रूप से किया जाए। प्रक्रिया के तहत इलेक्ट्रॉनिक प्रसारित डाटा के आधार पर पंजीकरण अधिकारी द्वारा पंजीकरण किया जाए।

Related Articles

Leave a Reply