छत्तीसगढ़

मजदूरों से भरी पिकअप की अज्ञात वाहन से भिड़ंत, 03 की मौत, 13 गंभीर

जगदलपुर। बस्तर संभाग मुख्यालय जगदलपुर से लगे ग्राम बकावंड ब्लॉक अंतर्गत शनिवार शाम करीब साढ़े छह बजे राजनगर-बस्तर मुख्यमार्ग पर राजनगर के समीप पिकअप और अज्ञात वाहन की आमने – सामने जबरदस्त भिड़ंत में सीमावर्ती ओडिशा के तीन महिला मजदूरों की मौत हो गई। वहीं 13 मजदूर गंभीर रूप से घायल हैं। जिन्हें सीएचसी बकावंड से बेहतर उपचार के लिए जिला अस्पताल जगदलपुर रेफर कर दिया गया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार ओडिशा के नबरंगपुर जिले के अंतर्गत कोटियारिगुड़ा कमला पुजारी की पिकअप वाहन ओडी का चालक शत्रुघ्न रोजाना की तरह ओडिशा से महिला मजदूरों को बकावंड ब्लाक के पंडानार गांव के रोहित चावड़ा कृषि फार्म में सुबह 8 बजे काम कराने लाकर शाम को 5 बजकर 40 मिनट पर छुट्टी होने पर उन्हें लेकर ओडिशा वापस जा रहा था रास्ते मे राजनगर के पास पुलिया के पास अज्ञात वाहन ने पिकअप को सामने से टक्कर मार दी। पिकअप चालक ने बताया कि सामने से आ रही वाहन की हेडलाइट से उसकी आंखें चौंधियां गई और वह देख नहीं पाया कि वह ट्रक था या ट्रेक्टर दुर्घटना के बाद पिकअप वाहन में जहां कोहराम मच गया वहीं अज्ञात वाहन मौके से फरार हो गया।

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पुलिस कर्मियों द्वारा सूचना मिलने पर सभी घायलों को सीएचसी बकावंड लाया गया। इस दुर्घटना में पुरनी भतरा 60, दयावती 38, नन्दाय 56 सभी निवासी सिरहागुड़ा की अस्पताल पहुंचने से पहले मौत हो गई वहीं बिमला, मालती, नन्दनी, पासपरई, थवीरवती, उषा हरिजन, पदमा, बालमती, गुप्तेश्वरी, तुलसी, झरना, तुलावती, सोनामनी को जिला अस्पताल रेफर किया गया है। सीएचसी बकावंड में जहां इस भीषण सड़क हादसे के बाद मरीजों की चीख पुकार से जहां कोहराम और अफरा तफरी का माहौल हो गया, वहीं स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह से पंगु नजर आया।

बीएमओ को फोन लगाया गया तो उन्होंने अवकाश में रहने का हवाला दे दिया, सुबह शाम अपने घर मे प्राइवेट प्रेक्टिस करने वाले एमडी ने मानवीय संवेदनाओं को ताक में रखकर अपनी ड्यूटी न होने का हवाला देकर अस्पताल आने से इंकार कर दिया, इस स्थिति में ड्यूटी पर तैनात BHMS डॉ. पीताम्बर साहू ने तीन नर्स और अटेंडरों के साथ अपनी ओर से मरीजों के प्राथमिक उपचार में क्षमता से बढ़कर काम किया, पर दिक्कत इतने सारे मरीजो को जिला मुख्यालय ले जाने की थी, 108 और अस्पताल के वाहन में डीजल नहीं था जिसकी व्यवस्था थानेदार छत्रपाल सिंह ने कराई सभी उच्चाधिकारियों को सूचना दी गई और अतिरिक्त एम्बुलेंस की मांग की गई, एमरजेंसी सेवाएं कैसी है इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि शाम 7 बजे 13 घायलों को अस्पताल लाया गया और अंतिम घायल को रात 11 बजे के करीब रेफर किया गया, गंभीर केस में इतना समय लगना चिंतनीय है। तहसीलदार मौके पर पहुंचे और उन्होंने स्थिति का जायजा लिया।

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इस भीषण दुर्घटना की खबर सुनकर बड़ी संख्या में गांव के लोग अस्पताल पहुंचे, यंग स्टार क्लब के वरिष्ठ रियाज खान, इब्ने हसन, माधव मिश्र, मोना पाढ़ी, जितेंद्र पाणिग्रही समेत युवाओं की पूरी टीम ने अस्पताल कर्मियों से आगे बढ़कर घायलों का सहयोग किया और सभी घायलों को रेफर करने तक वहां डटे रहे।

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