छत्तीसगढ़

आईपीएल में इस बार फ्री टिकट नहीं : आरसीबी बेचेगी पूरे 65 हजार टिकट, नेता-अफसरों और समर्थकों के हाथ लगेगी निराश

रायपुर। 13 साल के लंबे इंतजार के बाद रायपुर में एक बार फिर आईपीएल मैचों की गूंज सुनाई देने वाली है। 28 मार्च से शुरू होने वाले इन मुकाबलों से पहले, फ्री टिकट की उम्मीद लगाए बैठे लोगों को अब चिंता सताने लगी है। ऐसा इसलिए क्योंकि इस बार कॉर्मप्लमेंट्री फ्री टिकट बांटने का जिम्मा छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ के पास नहीं है। आईपीएल की फ्रेंचाइजी टीम रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु खुद शहीद वीर नारायण सिंह इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम की 65 हजार सीटों की टिकट बेचेगी।

रायपुर में होने वाले ये आईपीएल मैच पूरी तरह से कमर्शियल रहेंगे। यही वजह है कि फ्रेंचाइजी की ओर से मंत्री, विधायक या अन्य वीआईपी लोगों को कॉर्मप्लमेंट्री टिकट मिलने की संभावना न के बराबर है। छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ से हुई बातचीत में यह स्पष्ट हुआ है कि कॉमप्लमेंट्री टिकट किसे देना है और किसे नहीं, यह पूरी तरह से रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का मैनेजमेंट ही तय करेगा। संघ की ओर से किसी भी प्रकार का कोई टिकट जारी नहीं किया जाएगा। 

See also  महिला LIC एजेंट और बेटे पर 45.53 लाख की ठगी का आरोप, FIR दर्ज
Raipur Cricket Stadium

अब स्टेडियम CSCS के पास
वर्तमान में यह स्टेडियम छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ के अधीन है। ऐसे में मैच के लिए स्टेडियम आरसीबी को दिया जाएगा, जिसके बदले में फ्रेंचाइजी संघ को भुगतान भी करेगी। हालांकि, इस विषय पर अभी अंतिम चर्चा होनी बाकी है। जानकारी के मुताबिक, मैच के दौरान छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ को सिर्फ ऑपरेशनल कार्य सौंपे जा सकते हैं, जिनमें ग्राउंड स्टाफ, मेंटेनेंस और अन्य व्यवस्थाएं शामिल हैं।

65 हजार टिकटों से होगी 10 करोड़ से अधिक की कमाई
रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम की दर्शक क्षमता 65 हजार है। अगर आरसीबी पूरी 65 हजार सीटें बेचती है, तो केवल टिकट बिक्री से ही 10 से 13 करोड़ रुपये तक की शानदार कमाई होगी। वहीं, अगर 10 हजार टिकट कॉप्लिमेंट्री बांटे जाते हैं, तब भी टिकटों से होने वाली कमाई 8 करोड़ रुपये तक पहुंच सकती है। 

See also  बिलासपुर में स्कूटी सवार युवतियों की गुंडागर्दी, युवकों को रोककर पैसे मांगे, विरोध करने पर मारपीट की, आंखों में मिर्च पाउडर फेंका

बता दें कि, इस साल जनवरी और फरवरी में रायपुर में हुए टी-20 और वनडे मैचों के दौरान छत्तीसगढ़ स्टेट क्रिकेट संघ ने लगभग 48 हजार सीटें ही बेची थीं। बाकी बची हुई सीटें मंत्री, विधायक और अन्य वीआईपी लोगों को कॉमप्लमेंट्री के तौर पर दी गई थीं। 

पहले दी जाती रही है मुफ्त टिकट
गौरतलब है कि, वनडे मैच के दौरान लोक निर्माण विभाग के स्टाफ को कॉमप्लमेंट्री टिकट न मिलने पर काफी आक्रोश देखने को मिला था। इस विवाद के बाद टी-20 मैच में उन्हें टिकट उपलब्ध कराए गए थे। रायपुर में होने वाले अंतरराष्ट्रीय मैचों में अमूमन छत्तीसगढ़ क्रिकेट संघ की ओर से मंत्रियों और विधायकों समेत शासन-प्रशासन के अधिकारियों को पर्याप्त रूप से वीआईपी टिकट दिए जाते रहे हैं।

Related Articles

Leave a Reply