देश

इस प्यार को क्या नाम दूं! प्रेमिका पर हुआ शक तो रस्सी से हाथ-पैर बांध नदी में फेंका

नरसिंहपुर

मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. एक प्रेमी ने प्रेमिका के करेक्टर पर शक के चलते इतनी खौफनाक मौत दी कि जिसे सुनकर हर किसी की रूह कांप जाएगी. आरोपी प्रेमी ने अपने भाई के साथ मिलकर प्रेमिका के हाथ-पैर बांधकर जिंदा नदी में फेंक दिया. मृतका का शव जब नदी के किनारे बह कर आया तो वहां मौजूद लोग शव को देखकर दंग रह गए. लोगों ने आनन-फानन में इसकी सूचना पुलिस को दी. सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. पुलिस ने दोनों आरोपी भाइयों को गिरफ्तार कर लिया है.

दरअसल, 15 साल से सोमनाथ और मनीषा लिव इन रिलेशन में रह रहे थे. बीते कुछ दिनों से सोमनाथ और मनीषा के बीच कुछ ठीक नहीं चल रहा था. सोमनाथ को शक था कि मनीषा का किसी और व्यक्ति के साथ अफेयर चल रहा है. सोमनाथ को एक बात बार-बार सताए जा रही थी कि इतना प्यार करने के बावजूद भी मनीषा उसे धोखा दे रही है. इसी को वह बर्दाश्त नहीं कर पाया. सोमनाथ ने मनीषा की हत्या की साजिश रच डाली.

See also  अमरकंटक एक्सप्रेस में ब्लेड से बैग काटकर सोने का हार व कंगन चोरी

रस्सी से बांधे हाथ और पैर
सोमनाथ ने मनीषा को मारने के लिए अपने भाई के साथ मिलकर योजना बनाई. दोनों ने प्लान बनाया कि मनीषा को जिंदा नर्मदा की तेज धारा में फेंक देंगे. योजना के अनुसार, सोमनाथ मनीषा को लेकर बरमान के सूरजकुंड पहुंचा. यहां सोमनाथ का भाई पहले से ही मौजूद था. दोनों ने मिलकर पहले मनीषा के हाथ-पैर बांधे. इसके बाद मुंह दबाया और उसे उफनती नर्मदा की लहरों में फेंक दिया.

15 सोलों से प्रेमी के साथ लिव इन में थी महिला
बताया जाता है कि मनीषा सोमनाथ से इतना प्यार करती थी कि उसने सोमनाथ के साथ रहने का फैसला भी अपने परिवार वालों के खिलाफ जाकर लिया था. 15 साल तक सोमनाथ की पत्नी जैसी बनकर रहने वाली मनीषा लिव इन में रह रही थी, लेकिन होली के समय जबसे सोमनाथ और मनीषा करेली आए, सोमनाथ को उसके चरित्र पर संदेह होने लगा. मनीषा के साथ जीवन भर साथ निभाने की कसमें खाकर उससे प्रेम करने वाला सोमनाथ अब मनीषा से नफरत करने लगा.

See also  स्टेशन पर खड़ी वंदे भारत…ना एप पर दिख रही, ना टिकट हो रहा बुक, जानें कब से चलेगी रोजाना

भाई के साथ मिलकर वारदात को दिया अंजाम
फिर उसे मारने की साजिश अपने भाई के साथ रच डाली. सोमनाथ को मनीषा के चरित्र पर संदेह था, जिसे लेकर कई दिनों से उससे निजात पाने की कोशिश कर रहा था. उसने नर्मदा नदी में आई बाढ़ के तेज बहाव को अपने मंसूबों को पूरा करने का जरिया बनाया. मनीषा को बरमान के सूरजकुंड में स्नान कराने के नाम पर अपने भाई राजकुमार के साथ ले गया ओर फिर बरमान से ही रस्सी खरीदकर मनीषा के दोनों पैर और हाथ बांधकर उसे जीवित अवस्था में ही नदी में फेंक दिया.

सूरजकुंड के पास मिली महिला की लाश
एक सितंबर को बरमान के सूरजकुंड के पास करेली पुलिस को महिला की उतराती हुई लाश की सूचना मिली, जिस पर पुलिस को शिनाख्त करने में तीन से चार दिन का वक्त लग गया. मनीषा की शिनाख्त होने के बाद जब पुलिस ने सोमनाथ से पूछताछ की तो वह अपने सवालों में ही झूठा फंस गया, जिसके बाद पुलिस ने जब सख्ती के साथ सोमनाथ से पूछताछ की तो उसने अपना पूरा जुल्म कुबूल कर लिया.

See also  हाथरस भगदड़: भोले बाबा का जिक्र ही नहीं, SDM समेत 6 अफसर सस्‍पेंड, 10 पाइंट में समझिए SIT रिपोर्ट

Related Articles

Leave a Reply