छत्तीसगढ़

भिलाई इस्पात संयंत्र में हादसा, दो क्रेन के आपस में टकराने से ठेका श्रमिक की मौत

भिलाई। छत्तीसगढ़ के भिलाई इस्पात संयंत्र के एसएमएस 3 में गुरुवार की सुबह एक दर्दनाक हादसा हुआ, जिसमें एक ठेका श्रमिक बसंत कुमार की जान चली गई। यह दुर्घटना दो क्रेन के आपस में टकराने से हुई, जिसके परिणामस्वरूप गंभीर स्थिति उत्पन्न हो गई।

दुर्घटना का समय सुबह लगभग 10:00 बजे था। जानकारी के अनुसार, एसएमएस 3 में क्रेन क्रमांक 31 ने क्रेन क्रमांक 29 को ठोकर मारी। इस टक्कर के परिणामस्वरूप क्रेन क्रमांक 29 का स्टॉपर टूट गया, जो कि लगभग 150 किलो वजनी था। यह भारी स्टॉपर नीचे खड़े ठेका श्रमिक बसंत कुमार कुर्रे पर गिर गया। घटनास्थल पर ही बसंत की मौत हो गई।

See also  जांजगीर चांपा : राजू इलेक्ट्रॉनिक्स दुकान में लगी भीषण आग, लाखों का सामान खाक

घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंचे भिलाई इस्पात संयंत्र के विभागीय अधिकारियों ने पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और दुर्घटना स्थल को सील कर दिया। बीएसपी प्रबंधन में इस हादसे के बाद हड़कंप मच गया है, क्योंकि यह संयंत्र में सुरक्षा मानकों के प्रति गंभीर सवाल उठाता है।naidunia_image

पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और घटनास्थल से संबंधित सभी तथ्यों को एकत्रित करने का कार्य किया जा रहा है। पुलिस ने बताया कि वे संबंधित कर्मचारियों से पूछताछ करेंगे ताकि इस हादसे के कारणों का सही-सही पता लगाया जा सके।

See also  खोखरा धान खरीदी केंद्र के गेट पर किसानों का धरना, सत्यापन के बाद भी नहीं हो रही खरीदी का आरोप

यह घटना भिलाई इस्पात संयंत्र में कार्य करने वाले श्रमिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता पैदा कर दी है। श्रमिकों के परिवारों और उनके सहयोगियों ने संयंत्र प्रशासन से सुरक्षा मानकों को और कड़ा करने की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसे हादसे ना हों।

पहले भी हो चुके हैं भिलाई स्टील संयंत्र में हादसे

भिलाई स्टील प्लांट में सुरक्षा के अभाव के कारण पहले भी कई हादसे हो चुके हैं, जिनमें कई श्रमिक अपनी जान गंवा चुके हैं। छत्तीसगढ़ में स्थित यह संयंत्र देश के सबसे बड़े इस्पात कारखानों में से एक है, लेकिन इसके संचालन के दौरान कई बार गंभीर दुर्घटनाएं हुई हैं। इनमें से अधिकांश दुर्घटनाएं संयंत्र की सुरक्षा मानकों में कमी और लापरवाही के कारण हुई हैं, जिससे श्रमिकों की जान को खतरा बना रहता है।

See also  खरसिया के मंगल कार्बन टायर फैक्ट्री में ब्लास्ट: गैस टैंक फटने से एक बच्ची समेत 8 मजदूर झुलसे, मचा हड़कंप

Related Articles

Leave a Reply